
- वाराणसी मंडल ब्यूरो
Varanasi: संरक्षित एवं तेज रेल परिचालन सुनिश्चित करने और रेलखंड की क्षमता बढ़ाने की कार्ययोजना के तहत दक्षिण मध्य रेलवे, सिकंदराबाद के प्रमुख मुख्य संरक्षा अधिकारी विजय कुमार के नेतृत्व में टीम ने 9 और 10 सितंबर को बनारस स्टेशन सहित वाराणसी सिटी–मऊ रेलखंड का दो दिवसीय अंतर जोनल सेफ्टी ऑडिट किया।
निरीक्षण के दौरान बनारस स्टेशन का जायजा लेने के बाद निरीक्षण स्पेशल यान से वाराणसी सिटी, सारनाथ, कादीपुर, रजवाड़ी, दुल्लहपुर और औड़िहार स्टेशनों का विंडो ट्रेलिंग निरीक्षण किया गया। टीम ने ब्रिज संख्या-137 समेत रेलखंड पर मौजूद विभिन्न महत्वपूर्ण संरक्षा उपकरणों और व्यवस्थाओं की गहन जांच की।
निरीक्षण के दौरान बर्थिंग ट्रैक, पॉइंट मशीन, सिगनल, पैदल उपरिगामी पुल की ऊंचाई एवं अप्रोच, प्लेटफॉर्म की लंबाई और क्लियरेंस, फायर एवं अलार्म सिस्टम, स्टेशन वर्किंग रूल, रिले रूम, पॉइंट क्रॉसिंग तथा विभिन्न संरक्षा उपकरणों की फेल-सेफ प्रणाली को परखा गया। इसके अलावा परिचालनिक संरक्षा, भीड़ नियंत्रण और यात्री सुरक्षा की व्यवस्थाओं का भी जायजा लिया गया।
टीम ने लाइन कर्मचारियों के पुनश्चर्या प्रशिक्षण की भी समीक्षा की तथा उनके संरक्षा संबंधी ज्ञान एवं कार्यप्रणाली को परखा। निरीक्षण के दौरान सामने आए बिंदुओं की समीक्षा करते हुए संबंधित अधिकारियों और कर्मचारियों को आवश्यक निर्देश एवं सुझाव दिए गए।
निरीक्षण के बाद प्रमुख मुख्य संरक्षा अधिकारी विजय कुमार और उनकी टीम ने मंडल रेल प्रबंधक, वाराणसी आशीष जैन के साथ मंडल कार्यालय स्थित भारतेन्दु सभाकक्ष में समीक्षा बैठक की। बैठक में ट्रेनों के सुरक्षित एवं सुचारु परिचालन, संरक्षा व्यवस्था को और मजबूत करने तथा रेलखंड की क्षमता बढ़ाने से जुड़े विभिन्न मुद्दों पर विस्तार से चर्चा की गई।
बैठक में अपर मंडल रेल प्रबंधक (परिचालन) अशोक कुमार वर्मा, वरिष्ठ मंडल संरक्षा अधिकारी आशुतोष गुप्ता, वरिष्ठ मंडल परिचालन प्रबंधक बलेन्द्र पाल, वरिष्ठ मंडल इंजीनियर (समन्वय) विकास कुमार सिंह, वरिष्ठ मंडल विद्युत इंजीनियर कुंवर सिंह यादव, वरिष्ठ मंडल वाणिज्य प्रबंधक प्रशस्ति श्रीवास्तव सहित अन्य संबंधित अधिकारी मौजूद रहे।





