
- वाराणसी मंडल ब्यूरो पंकज झा✍️
Varanasi: धर्मनगरी वाराणसी के शिवपुर क्षेत्र में कथित रूप से चल रहे जुए के खेल को लेकर स्थानीय लोगों के बीच चर्चाएं तेज हो गई हैं। राजपुर, परमानंदपुर, छतरीपुर, तरना सहित कई इलाकों में कुछ स्थानों पर अवैध जुए के अड्डे संचालित होने के आरोप लगाए जा रहे हैं। यदि इन शिकायतों में सच्चाई है, तो यह न सिर्फ कानून व्यवस्था के लिए चुनौती है, बल्कि पुलिस की निगरानी व्यवस्था पर भी सवाल खड़े करता है।
स्थानीय नागरिकों का कहना है कि कुछ स्थानों पर कथित रूप से लंबे समय से जुए का खेल चल रहा है। ऐसे में सबसे बड़ा सवाल यही है कि आखिर इस पूरे खेल को संचालित करने वाले लोग कौन हैं? क्या इसके पीछे कोई संगठित गिरोह सक्रिय है? कौन लोग इस नेटवर्क को चला रहे हैं और आखिर इन पर कार्रवाई कब होगी?
लोगों का आरोप है कि अवैध जुआ समाज के लिए गंभीर समस्या बन सकता है। इसके कारण कई परिवार आर्थिक परेशानियों में फंसते हैं और युवाओं पर भी इसका गलत प्रभाव पड़ता है। ऐसे में यदि कहीं भी इस तरह की गतिविधियां संचालित हो रही हैं, तो पुलिस प्रशासन की जिम्मेदारी बनती है कि शिकायतों की गंभीरता से जांच कर सच्चाई सामने लाए।
स्थानीय लोगों की मांग है कि शिवपुर क्षेत्र के राजपुर, परमानंदपुर, छतरीपुर, तरना और आसपास के इलाकों में विशेष निगरानी अभियान चलाया जाए। यदि जांच में अवैध जुए के संचालन की पुष्टि होती है, तो संबंधित लोगों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की जाए और इस पूरे नेटवर्क से जुड़े लोगों का खुलासा किया जाए।
अब सवाल सीधे प्रशासन से है—
“क्या शिवपुर क्षेत्र में कथित रूप से चल रहे जुए के खेल पर पुलिस की नजर है? कौन है इस कथित नेटवर्क का संचालक? क्या कोई संरक्षण देने वाला भी मौजूद है? और आखिर कब कसेगा कानून का शिकंजा”?
जनता अब कार्रवाई का इंतजार कर रही है और उम्मीद कर रही है कि पुलिस प्रशासन निष्पक्ष जांच कर अवैध गतिविधियों पर प्रभावी रोक लगाएगा।




