
- रिपोर्ट: स्निग्धा श्रीवास्तव
लखनऊ। समाजवादी पार्टी के सांसद Awadhesh Prasad ने सोमवार को उत्तर प्रदेश कैबिनेट की बैठक पर निशाना साधते हुए कहा कि सरकार के फैसलों का आम जनता से कोई लेना-देना नहीं है। उन्होंने किसानों की स्थिति को लेकर चिंता जताते हुए कहा कि किसान बर्बाद हो रहे हैं, जबकि वही देश को भोजन उपलब्ध कराते हैं।
एएनआई से बातचीत में अवधेश प्रसाद ने कहा, “इसका आम नागरिकों से कोई संबंध नहीं है। किसान बर्बाद हो रहे हैं। वे हमें भोजन देते हैं, लेकिन उनके साथ क्या हो रहा है?” उन्होंने सरकार पर किसानों की समस्याओं की अनदेखी करने का आरोप लगाया।
दरअसल, सोमवार को हुई यूपी कैबिनेट बैठक में कई अहम प्रस्तावों को मंजूरी दी गई। बैठक में उत्तर प्रदेश राज्य समर्पित पिछड़ा वर्ग आयोग के गठन समेत कुल 12 प्रस्तावों पर मुहर लगी। वहीं, उत्तर प्रदेश के उपमुख्यमंत्री Brajesh Pathak ने कहा कि कैबिनेट बैठक सकारात्मक रही और इसमें राज्य के विकास से जुड़े मुद्दों पर चर्चा की गई। उन्होंने बताया कि बैठक में करीब 20 प्रस्तावों पर विचार किया गया।
इस दौरान अवधेश प्रसाद ने NEET-UG पेपर लीक मामले को लेकर भी सरकार को घेरा। उन्होंने कहा कि परीक्षा के पेपर लीक न हों, यह सरकार की जिम्मेदारी है। उन्होंने कहा, “यह पहली बार नहीं हुआ है। सरकार को इसका परिणाम भुगतना होगा और जनता 2027 में जवाब देगी।”
उधर, उपमुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक ने कथित अवैध वकील चैंबरों को हटाने के विरोध में हुए प्रदर्शन को दुर्भाग्यपूर्ण बताते हुए कहा कि मामले की उच्च स्तरीय जांच के निर्देश दिए गए हैं।
हाल ही में हुए यूपी कैबिनेट विस्तार के बाद सरकार ने नए मंत्रियों के विभागों का भी बंटवारा किया है। बीजेपी के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष Bhupendra Singh Chaudhary को कैबिनेट मंत्री बनाकर MSME विभाग की जिम्मेदारी दी गई है। वहीं Manoj Kumar Pandey को खाद्य एवं रसद विभाग सौंपा गया है।
मुख्यमंत्री Yogi Adityanath के नेतृत्व वाली सरकार ने 10 मई को मंत्रिमंडल विस्तार करते हुए कई नए चेहरों को शामिल किया था। सभी मंत्रियों को राज्यपाल Anandiben Patel ने पद और गोपनीयता की शपथ दिलाई थी।





