
-चकिया के गणेशपुर में निर्माणाधीन मुख्यमंत्री मॉडल कंपोजिट विद्यालय का औचक निरीक्षण, गुणवत्ता से समझौता करने पर कार्रवाई की चेतावनी
- वाराणसी मंडल ब्यूरो
Varanasi: चंदौली मुख्यमंत्री मॉडल कंपोजिट विद्यालय के निर्माण में लापरवाही और गुणवत्ता संबंधी खामियां मिलने पर जिलाधिकारी चंद्र मोहन गर्ग ने कड़ी नाराजगी जताई। उन्होंने चकिया क्षेत्र के गणेशपुर में निर्माणाधीन विद्यालय का औचक निरीक्षण कर निर्माण कार्यों की गुणवत्ता, प्रगति और निर्धारित मानकों की जांच की। इस दौरान विद्यालय के पिलर और अन्य ढांचागत कार्यों में कमियां सामने आने पर जिलाधिकारी ने कार्यदायी संस्था के प्रतिनिधियों और अभियंताओं को कड़ी फटकार लगाई। साथ ही, सभी खामियों को तत्काल दूर कर मानकों के अनुरूप निर्माण कार्य पूरा करने के सख्त निर्देश दिए।
निर्माण सामग्री की गुणवत्ता परखी
निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने विद्यालय भवन के निर्माण की प्रगति का जायजा लिया। उन्होंने मौके पर उपलब्ध सामग्री गुणवत्ता परीक्षण मशीन की कार्यप्रणाली को भी बारीकी से देखा। इसके साथ ही निर्माण में इस्तेमाल हो रही ईंट, सीमेंट, कंक्रीट सहित अन्य सामग्रियों की गुणवत्ता निर्धारित मानकों के अनुरूप बनाए रखने का निर्देश दिया। उन्होंने स्पष्ट किया कि भवन निर्माण में किसी भी स्तर पर गुणवत्ता से समझौता नहीं होना चाहिए।
पिलर और ढांचागत कार्यों में मिलीं खामियां
जांच के दौरान विद्यालय के पिलर और अन्य ढांचागत कार्यों में कई कमियां पाए जाने पर जिलाधिकारी ने गंभीर नाराजगी जताई। उन्होंने संबंधित अधिकारियों और अभियंताओं को निर्देशित किया कि निरीक्षण में चिह्नित सभी खामियों को तत्काल दुरुस्त कराया जाए। आगे का निर्माण कार्य भी शासन द्वारा निर्धारित मानकों के अनुसार ही पूरा किया जाए।
बच्चों की सुरक्षा से खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं
जिलाधिकारी चंद्र मोहन गर्ग ने दो टूक कहा कि मुख्यमंत्री मॉडल कंपोजिट विद्यालय बच्चों के भविष्य और उनकी सुरक्षा से जुड़ी महत्वपूर्ण परियोजना है। ऐसे में निर्माण कार्य में लापरवाही किसी भी कीमत पर स्वीकार नहीं की जाएगी। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि भविष्य में निर्माण की गुणवत्ता में कोई कमी पाई गई तो जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कठोर वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।
निरीक्षण के दौरान संबंधित विभागीय अधिकारी, कार्यदायी संस्था के प्रतिनिधि और निर्माण कार्य से जुड़े अभियंता मौजूद रहे।




