
-जिला एवं महानगर कांग्रेस कमेटी ने निकाला विरोध मार्च, मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार का पुतला जला कर उनकी गिरफ्तारी और उनको पद से विमुक्त करने की मांग की गई।
- रिपोर्ट: अमित कुमार
Ayodhya, September 28: चुनाव आयोग की कार्यप्रणाली, विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) तथा मतदाता सूची से जुड़े मुद्दों को लेकर जिला एवं महानगर कांग्रेस कमेटी के संयुक्त तत्वावधान में जिला अध्यक्ष चेतनारायण सिंह तथा महानगर अध्यक्ष सुनील कृष्ण गौतम की अगुवाई में सोमवार को कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने विरोध प्रदर्शन किया।
कांग्रेस कार्यालय कमला नेहरू भवन से बड़ी संख्या में कांग्रेसजन विरोध मार्च के रूप में कलेक्ट्रेट की ओर रवाना हुए। कार्यकर्ताओं के हाथों में मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार के संबंध में विभिन्न मांगों वाले प्लेकार्ड थे तथा वे नारेबाजी कर रहे थे।
प्रदर्शन से पूर्व कांग्रेस कार्यालय के सामने पार्टी कार्यकर्ताओं ने ज्ञानेश कुमार का पुतला दहन किया। कांग्रेस नेताओं ने उनकी तत्काल गिरफ्तारी, पद से हटाए जाने तथा उनके कार्यकाल में लिए गए निर्णयों और मतदाता सूची में किए गए बदलावों की व्यापक एवं स्वतंत्र समीक्षा की मांग उठाई।

विरोध मार्च के दौरान पुलिस बल की मौजूदगी के बीच कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने अपना प्रदर्शन जारी रखा। कलेक्ट्रेट की ओर बढ़ रहे कार्यकर्ताओं को जिला अस्पताल के सामने सिटी मजिस्ट्रेट एवं सीओ सिटी के नेतृत्व में पुलिस ने रोक दिया। इसके बाद कांग्रेस कार्यकर्ता वहीं सड़क पर धरने पर बैठ गए और नारेबाजी करते हुए अपनी मांगों को दोहराया।
कांग्रेस कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए जिला कांग्रेस अध्यक्ष चेतनारायण सिंह ने कहा कि मतदाता सूची और चुनावी प्रक्रिया से जुड़े मामलों में पारदर्शिता एवं निष्पक्षता लोकतांत्रिक व्यवस्था की मूल आवश्यकता है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस चुनाव प्रक्रिया से जुड़े प्रत्येक निर्णय की पारदर्शिता और स्वतंत्र समीक्षा की मांग को लोकतांत्रिक तरीके से उठाती रहेगी।

श्री सिंह ने कहा वोट चोरी का कृत्य राष्ट्रद्रोह से बड़ा अपराध है और ऐसे अपराधी को कांग्रेस पार्टी जेल के शिकंजे तक पहुंचा कर ही दम लेगी।
उन्होंने कहा हमारी लड़ाई अन्याय के खिलाफ न्याय की है और इस लड़ाई को अंजाम तक पहुंचाने के लिए कांग्रेस पार्टी कटिबध है।

महानगर कांग्रेस अध्यक्ष सुनील कृष्ण गौतम ने कहा कि हाल में सामने आई रिपोर्टों ने निर्वाचन आयोग के आंतरिक कामकाज और SIR प्रक्रिया को लेकर गंभीर सार्वजनिक बहस को जन्म दिया है। द इंडियन एक्सप्रेस की एक जांच रिपोर्ट के अनुसार, निर्वाचन आयुक्त सुखबीर सिंह संधू और विवेक जोशी ने पिछले दस महीनों में कम से कम 14 अवसरों पर आयोग के निर्णयों एवं आदेशों से संबंधित आपत्तियां दर्ज की थीं। रिपोर्ट में मतदाता पंजीकरण, नाम जोड़ने-हटाने, Form-6 में बदलाव तथा निर्वाचन संबंधी IT प्रणाली और डेटा के प्रबंधन से जुड़े मुद्दों का उल्लेख किया गया है।
कांग्रेस के पूर्व जिला अध्यक्ष राजेंद्र प्रताप सिंह ने कहा जिस समय मुख्य चुनाव आयुक्त की नियुक्ति की कमेटी से मुख्यन्यायाधीश को हटाकर को केंद्रीय मंत्री को कमेटी में शामिल किया गया उसी समय लग गया बेईमानी करने के लिए ज्ञानेश कुमार को लाया गया है।
जिला कांग्रेस प्रवक्ता शीतला पाठक ने कहा मतदाता सूची के पुनरीक्षण और निर्वाचन आयोग के निर्णय लेने की प्रक्रिया को लेकर उठे सवालों का पारदर्शी ढंग से जवाब दिया जाना आवश्यक है। उन्होंने कांग्रेस की ओर से ज्ञानेश कुमार को पद से हटाने, उनकी गिरफ्तारी तथा उनके कार्यकाल में लिए गए निर्णयों और मतदाता सूची में हुए बदलावों की स्वतंत्र एवं व्यापक समीक्षा की मांग दोहराई।
पूर्व जिला अध्यक्ष रामदास वर्मा, रामअवध पाशी ने कहा कि लोकतांत्रिक संस्थाओं में जनता का विश्वास बनाए रखने के लिए मतदाता सूची, चुनावी प्रक्रिया और निर्वाचन आयोग के कामकाज से जुड़े सभी सवालों का सार्वजनिक एवं पारदर्शी तरीके से समाधान किया जाना चाहिए।
प्रदर्शन में प्रमुख रूप से अशोक कुमार सिंह मनऊपुर, अनिल तिवारी ,अनिल सिंह, पी सी सी सदस्य उग्रसेन मिश्रा,ब्लॉक अध्यक्ष गण रामकिशोर वर्मा ,दिलीप गौर ,राजेंद्र कुमार ,रविंद्र कुमार ,रमाशंकर तिवारी, राज प्रताप, आदिल कुरेशी ,रहबर, विजय गुप्ता, सेवा दल के जिला अध्यक्ष फ्लावर नकवी ,बसंत मिश्रा, महिला कांग्रेस की जिला अध्यक्ष रेनू राय, नाजिश फातिमा, दलित प्रकोष्ठ के रामसागर रावत, किसान प्रकोष्ठ के राजकुमार पांडे, युवा कांग्रेस के रामेंद्र त्रिपाठी, मनोज जायसवाल, दयाशंकर तिवारी, बृजेश रावत, जय प्रताप गुप्ता ,विवेक शर्मा, मिस्बाउल हक, सुधीर प्रदीप, उमेश उपाध्याय, रुद्र प्रताप सिंह रिशु , राजकुमार सिंह, यशवीर सिंह ,मोहम्मद आमिर, धर्मेंद्र सिंह फास्टर,हृदय नारायण मिश्रा, शैलेंद्र मणि पांडे ,रमेश चंद्र, भगवान बहादुर शुक्ला, कविंद्र साहनी ,अशोक कनौजिया , भीम शुक्ला, दीप कृष्ण वर्मा ,रामेंद्र मोहन मिश्रा, चंचल सोनकर आदि उपस्थित रहे।





