
मुंबई। हिंदी सिनेमा और टेलीविजन जगत के वरिष्ठ अभिनेता प्रदीप रावत के निधन से फिल्म इंडस्ट्री में शोक की लहर है। ‘लगान’, ‘गजनी’, ‘सरफरोश’ और टीवी के चर्चित धारावाहिक ‘महाभारत’ में अपने दमदार अभिनय से पहचान बनाने वाले प्रदीप रावत के निधन पर फिल्म जगत की कई हस्तियों ने उन्हें श्रद्धांजलि दी है।
फिल्म निर्माता अशोक पंडित ने सोशल मीडिया पर भावुक पोस्ट साझा करते हुए प्रदीप रावत को याद किया। उन्होंने लिखा कि प्रदीप रावत एक शानदार अभिनेता ही नहीं, बल्कि बेहद अच्छे इंसान भी थे। उनके निधन से फिल्म उद्योग को अपूरणीय क्षति हुई है। उन्होंने दिवंगत अभिनेता के परिवार के प्रति अपनी संवेदनाएं भी व्यक्त कीं।
अशोक पंडित ने बताया कि प्रदीप रावत के पार्थिव शरीर को अंतिम दर्शन के लिए मुंबई के गोरेगांव पश्चिम स्थित इंपीरियल हाइट्स में रखा जाएगा। इसके बाद उनका अंतिम संस्कार जोगेश्वरी पश्चिम स्थित ओशिवारा श्मशान घाट में किया जाएगा।
लंबे समय से ब्लड कैंसर से थे पीड़ित
जानकारी के अनुसार, प्रदीप रावत लंबे समय से ब्लड कैंसर से जूझ रहे थे और उनका इलाज चल रहा था। उन्होंने 74 वर्ष की आयु में अंतिम सांस ली। उनके निधन की खबर से उनके प्रशंसकों और फिल्म जगत में शोक का माहौल है।
सेना में जाने का था सपना, थिएटर ने बदली जिंदगी
21 जनवरी 1952 को मध्य प्रदेश के जबलपुर में जन्मे प्रदीप रावत एक सैन्य परिवार से थे। शुरुआती दिनों में उनका सपना भारतीय सेना में जाने का था, लेकिन परिस्थितियों के चलते ऐसा संभव नहीं हो सका। बाद में उन्होंने बैंक में नौकरी की, हालांकि अभिनय के प्रति लगाव उन्हें थिएटर की दुनिया में ले आया।
उन्होंने अभिनेता राज बब्बर के थिएटर ग्रुप ‘एकजुट’ से अभिनय की बारीकियां सीखीं। वर्ष 1985 में फिल्म ‘मेरी जंग’ से बड़े पर्दे पर अपने करियर की शुरुआत की और इसके बाद पीछे मुड़कर नहीं देखा।
‘अश्वत्थामा’ और ‘गजनी’ के विलेन से मिली खास पहचान
प्रदीप रावत को घर-घर में पहचान बी.आर. चोपड़ा के लोकप्रिय धारावाहिक ‘महाभारत’ में अश्वत्थामा की भूमिका से मिली। इसके बाद उन्होंने हिंदी के अलावा तमिल, तेलुगु, कन्नड़, मलयालम, बंगाली और भोजपुरी फिल्मों में भी अपनी अभिनय प्रतिभा का लोहा मनवाया।
फिल्म ‘गजनी’ में निभाया गया उनका खलनायक का किरदार आज भी दर्शकों के बीच बेहद लोकप्रिय है। उन्होंने पहले तमिल फिल्म ‘गजनी’ और बाद में आमिर खान अभिनीत हिंदी संस्करण में भी वही भूमिका निभाकर खूब सराहना बटोरी।
150 से अधिक फिल्मों में किया अभिनय
अपने लंबे फिल्मी करियर में प्रदीप रावत ने करीब 150 फिल्मों में अभिनय किया। ‘लगान’, ‘सरफरोश’, ‘पत्थर के फूल’, ‘संगदिल सनम’, ‘बागी’ जैसी कई चर्चित फिल्मों में उनके अभिनय को खूब सराहा गया। उनकी अंतिम हिंदी फिल्म ‘छावा’ थी, जिसमें उन्होंने येसाजी कंक का किरदार निभाया था।
प्रदीप रावत का निधन भारतीय सिनेमा के लिए एक बड़ी क्षति माना जा रहा है। उनके दमदार अभिनय और यादगार किरदार हमेशा दर्शकों के दिलों में जीवित रहेंगे।





