
- रिपोर्ट: अजय सोनकर
वाराणसी: साइबर अपराध और ठगी के खिलाफ लगातार सख्त कार्रवाई कर रहीं डीसीपी क्राइम ‘लेडी सिंघम’ नीतू कादयान के नेतृत्व में वाराणसी पुलिस ने एक बड़े फर्जी MLM (मल्टी-लेवल मार्केटिंग) और पिरामिड चेन नेटवर्क का भंडाफोड़ कर दिया। इस बड़ी कार्रवाई में 250 युवक-युवतियों को ठगी के जाल से मुक्त कराया गया, जबकि मुख्य सरगना समेत 19 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया। पुलिस ने मौके से 20 मोबाइल फोन और दो लग्जरी कारें भी बरामद की हैं।
नीतू कादयान की निगरानी में हुई इस कार्रवाई में रोहनिया पुलिस और साइबर क्राइम टीम ने संयुक्त छापेमारी कर उस गिरोह का पर्दाफाश किया, जो बेरोजगार युवाओं को नौकरी का झांसा देकर लाखों-करोड़ों रुपये की ठगी कर रहा था।
जांच में सामने आया कि आरोपी ‘महादेव एंटरप्राइजेज’ और ‘रॉयल हेल्थ इंडिया रॉयल हेल्थ वेलनेस प्राइवेट लिमिटेड’ की फ्रेंचाइजी के नाम पर अवैध MLM और पिरामिड स्कीम चला रहे थे। बिहार, झारखंड, मध्य प्रदेश समेत कई राज्यों के युवाओं को ₹25 हजार मासिक वेतन वाली नौकरी का लालच देकर वाराणसी बुलाया जाता था।
यहां युवाओं से ₹30 हजार से ₹35 हजार तक की जॉइनिंग फीस वसूली जाती थी और बदले में केवल मामूली कीमत की किट थमा दी जाती थी। इसके बाद उनका ब्रेनवॉश कर रिश्तेदारों और दोस्तों को नेटवर्क में जोड़ने का दबाव बनाया जाता था।
लेडी सिंघम नीतू कादयान ने बताया कि साइबर अपराध और आर्थिक ठगी करने वालों के खिलाफ अभियान आगे भी जारी रहेगा। पुलिस अब गिरोह के बैंक खातों, आर्थिक लेनदेन और अन्य राज्यों में फैले नेटवर्क की गहन जांच कर रही है। शुरुआती जांच में करोड़ों रुपये की ठगी की आशंका सामने आई है।
नीतू कादयान की इस बड़ी कार्रवाई से सैकड़ों परिवारों को राहत मिली है और वाराणसी पुलिस को एक बड़ी सफलता हाथ लगी है।




