
- रिपोर्ट: अनुराग सिंह बिष्ट
शाहजहांपुर: उत्तर प्रदेश शासन और स्थानीय प्रशासन की घोर लापरवाही एक बार फिर उजागर हुई, जब UPSSSC PET परीक्षा के दौरान शाहजहांपुर के कई परीक्षा केंद्रों पर भारी जलभराव देखने को मिला।
छात्रों को knee तक भरे गंदे पानी को पार करके परीक्षा केंद्रों तक पहुंचना पड़ा। कुछ स्थानों पर छात्र चप्पलें हाथ में लिए और पैंट मोड़कर केंद्रों की ओर जाते दिखे। यह पूरा दृश्य कैमरे में कैद हो गया, जो अब सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है।
🔴 परीक्षा केंद्रों के बाहर भरा गंदा पानी, बनी नाव जैसी स्थिति
कई परीक्षा केंद्रों के बाहर सड़कें तालाब में तब्दील हो गईं। छात्रों को घंटों पानी में खड़े रहकर अपनी बारी का इंतजार करना पड़ा।
⚠️ न जल निकासी की व्यवस्था, न राहत के इंतजाम
स्थानीय प्रशासन की ओर से किसी भी तरह की निकासी या वैकल्पिक रास्तों की व्यवस्था नहीं की गई, जिससे छात्र-छात्राओं की परेशानी और बढ़ गई।
📸 कैमरे में कैद हुई अव्यवस्था की तस्वीरें
6 सितंबर को आयोजित इस परीक्षा का हाल कैमरों में साफ देखा गया – छात्रों की भीड़, पानी में भीगते दस्तावेज़ और गंदे पानी में डूबी परीक्षा व्यवस्थाएं।
🗣️ छात्रों की नाराज़गी
परीक्षा देने आए छात्रों ने कहा कि इतनी बड़ी राज्य स्तरीय परीक्षा के बावजूद ऐसी बदइंतजामी समझ से परे है। “हम भविष्य बनाने आए हैं, मगर यहां तो स्वास्थ्य और समय दोनों खतरे में हैं”, एक छात्रा ने गुस्से में कहा।
निष्कर्ष:
एक तरफ राज्य सरकार युवाओं को रोज़गार देने की बात कर रही है, वहीं दूसरी ओर ऐसी प्रशासनिक लापरवाही छात्रों के भविष्य से खिलवाड़ कर रही है। UPSSSC और जिला प्रशासन को इस पर जवाबदेही तय करनी चाहिए और ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति से बचने के लिए ठोस कदम उठाने होंगे।




