
- वाराणसी मंडल ब्यूरो
वाराणसी। चंदौली जनपद में पुलिस प्रशासन की कार्यप्रणाली को अधिक प्रभावी, पारदर्शी और जवाबदेह बनाने की दिशा में पुलिस अधीक्षक आकाश पटेल लगातार सक्रिय नजर आ रहे हैं। इसी क्रम में शुक्रवार, 30 अक्टूबर 2026 को उन्होंने पुलिस कार्यालय की समस्त शाखाओं, पुलिस लाइन की विभिन्न शाखाओं, साइबर क्राइम थाना और स्मार्ट कंट्रोल रूम का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने न केवल विभागीय कामकाज की हकीकत परखी, बल्कि अभिलेखों के रख-रखाव, साफ-सफाई, जनसुनवाई और शिकायतों के निस्तारण की गुणवत्ता की भी गहन समीक्षा की। एसपी ने अधिकारियों और कर्मचारियों को स्पष्ट संदेश दिया कि पुलिस की प्राथमिकता आम जनता की समस्याओं का समयबद्ध और गुणवत्तापूर्ण समाधान होना चाहिए।
निरीक्षण के दौरान अपर पुलिस अधीक्षक (सदर) विक्रम दहिया, अपर पुलिस अधीक्षक (ऑपरेशन) सतीश चन्द्र शुक्ला तथा क्षेत्राधिकारी (लाइन) डॉ. चारू द्विवेदी मौजूद रहे। पुलिस अधीक्षक ने पुलिस कार्यालय की एक-एक शाखा में पहुंचकर संबंधित प्रभारियों से कार्यों की प्रगति की जानकारी ली और अभिलेखों की स्थिति का बारीकी से अवलोकन किया।
वित्तीय व्यवस्था से लेकर अपराधियों के रिकॉर्ड तक की समीक्षा
पुलिस कार्यालय की आंकिक शाखा में कर्मचारियों के वेतन भुगतान, एरियर, बजट और वित्तीय अभिलेखों की जांच की गई। एसपी ने निर्देश दिया कि सभी वित्तीय कार्य पारदर्शिता के साथ निर्धारित समय सीमा में पूरे किए जाएं। वहीं, डीसीआरबी शाखा में जनपद के अपराधियों के आपराधिक इतिहास, सीसीटीएनएस प्रविष्टियों और दैनिक अपराध आंकड़ों की अद्यतन स्थिति की समीक्षा की। उन्होंने संबंधित कर्मचारियों को निर्देशित किया कि अपराध से जुड़े सभी आंकड़ों और अभिलेखों को नियमित रूप से अपडेट रखा जाए, जिससे अपराध नियंत्रण और पुलिस कार्रवाई में किसी प्रकार की बाधा न आए।
जनसुनवाई में लापरवाही नहीं, हर फरियादी को मिले न्याय
एसपी आकाश पटेल ने जनशिकायत प्रकोष्ठ और जनसुनवाई कक्ष के निरीक्षण के दौरान विशेष रूप से शिकायतों के निस्तारण की गुणवत्ता पर जोर दिया। उन्होंने आईजीआरएस पोर्टल, आम जनता से प्राप्त प्रार्थना पत्रों और संपूर्ण समाधान दिवस में आने वाली शिकायतों की समीक्षा की। अधिकारियों को निर्देश दिया कि प्रत्येक फरियादी की बात गंभीरता और संवेदनशीलता से सुनी जाए। शिकायतों का निस्तारण केवल कागजी कार्रवाई तक सीमित न रहे, बल्कि पीड़ित को वास्तविक राहत मिलनी चाहिए। निर्धारित समय सीमा के भीतर गुणवत्तापूर्ण कार्रवाई सुनिश्चित की जाए, ताकि आम नागरिकों को अपनी समस्याओं के समाधान के लिए अनावश्यक चक्कर न लगाने पड़ें।
कार्यालयी अभिलेख और पासपोर्ट सत्यापन कार्यों में समयबद्धता के निर्देश
प्रधान लिपिक शाखा में कार्यालय की पत्रावलियों, कर्मचारियों की सेवा पुस्तिकाओं, गोपनीय अभिलेखों और विभागीय पत्राचार से संबंधित दस्तावेजों की जांच की गई। एसपी ने सभी अभिलेखों को पूर्ण, व्यवस्थित और त्रुटिरहित रखने के निर्देश दिए। पासपोर्ट, सत्यापन और एलआईयू से संबंधित पटल के निरीक्षण में नागरिकों के पासपोर्ट, चरित्र प्रमाण पत्र और अन्य सत्यापन आवेदनों को निर्धारित समय सीमा में निस्तारित करने पर जोर दिया गया, जिससे आम जनता को किसी प्रकार की परेशानी न हो।
अभियोजन एवं सम्मन सेल में न्यायालय से संबंधित सम्मन, वारंट और गवाहों की समय से पेशी सुनिश्चित कराने के लिए संबंधित कर्मचारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए। उन्होंने न्यायालय से जुड़े कार्यों में गंभीरता बरतने और किसी भी स्तर पर अनावश्यक देरी नहीं होने देने की हिदायत दी।
साइबर अपराध पर प्रभावी कार्रवाई और स्मार्ट कंट्रोल रूम की निगरानी व्यवस्था पर जोर
पुलिस अधीक्षक ने साइबर क्राइम थाने का निरीक्षण कर ऑनलाइन ठगी, वित्तीय धोखाधड़ी और साइबर अपराध से जुड़ी शिकायतों की स्थिति की जानकारी ली। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिया कि साइबर अपराध से पीड़ित लोगों की शिकायतों पर तत्काल संज्ञान लेते हुए प्रभावी कार्रवाई की जाए और उन्हें समय पर आवश्यक सहायता उपलब्ध कराई जाए।
इसके बाद स्मार्ट कंट्रोल रूम का निरीक्षण कर सीसीटीवी कैमरों के माध्यम से की जा रही निगरानी और पुलिस की आपातकालीन प्रतिक्रिया व्यवस्था का जायजा लिया। एसपी ने जनपद में कानून एवं शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए तकनीकी संसाधनों का अधिकतम उपयोग करने तथा डायल 112 के रिस्पांस टाइम को और बेहतर बनाने के निर्देश दिए। उन्होंने कंट्रोल रूम की कार्यप्रणाली को प्रभावी बनाए रखने पर विशेष जोर दिया।
पुलिसकर्मियों की सुविधाओं और पुलिस लाइन की स्वच्छता पर भी ध्यान
पुलिस लाइन के निरीक्षण के दौरान शस्त्रागार, वाहन शाखा, क्वार्टर गार्ड और परिसर की अन्य व्यवस्थाओं का जायजा लिया गया। एसपी ने पुलिसकर्मियों के कल्याण, बैरकों की साफ-सफाई और पुलिस लाइन के बेहतर रख-रखाव को लेकर संबंधित अधिकारियों को आवश्यक निर्देश दिए। उन्होंने विभागीय अनुशासन के साथ-साथ कर्मचारियों को बेहतर कार्य वातावरण उपलब्ध कराने की आवश्यकता पर भी जोर दिया।
निरीक्षण के अंत में पुलिस अधीक्षक आकाश पटेल ने सभी अधिकारियों और शाखा प्रभारियों को निर्देशित किया कि पुलिस कार्यालय में आने वाले प्रत्येक पीड़ित और फरियादी के साथ मधुर, शिष्ट एवं संवेदनशील व्यवहार किया जाए। जनता की समस्याओं को प्राथमिकता देते हुए उनका पारदर्शी और समयबद्ध निस्तारण सुनिश्चित किया जाए। साथ ही सभी विभागीय अभिलेखों को नियमित रूप से अद्यतन रखा जाए और प्रत्येक अधिकारी एवं कर्मचारी अपनी जिम्मेदारियों का पूरी निष्ठा से निर्वहन करे।
इस दौरान अपर पुलिस अधीक्षक (सदर) विक्रम दहिया, अपर पुलिस अधीक्षक (ऑपरेशन) सतीश चन्द्र शुक्ला, क्षेत्राधिकारी (लाइन) डॉ. चारू द्विवेदी सहित अन्य पुलिस अधिकारी और विभिन्न शाखाओं के प्रभारी मौजूद रहे। एसपी का यह निरीक्षण पुलिस प्रशासन में अनुशासन, जवाबदेही और जनसेवा की भावना को मजबूत करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल के रूप में देखा जा रहा है।




