
- जन जन की आवाज पंकज झा की कलम से✍️
Varanasi. चेतगंज थाना क्षेत्र में कानून-व्यवस्था को लेकर एक ऐसा सवाल सामने आ रहा है, जो जिम्मेदारों की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवालिया निशान खड़ा करता है। आरोप है कि पान दरीबा में चौकी के पीछे खुलेआम जुए का खेल संचालित हो रहा है, जबकि स्थानीय स्तर पर जिम्मेदार अधिकारियों को कथित तौर पर इसकी जानकारी होने की बात कही जा रही है।
सबसे बड़ा सवाल यही है कि यदि जुए के अड्डों की जानकारी जिम्मेदारों तक पहुंच रही है, तो फिर कार्रवाई के नाम पर खामोशी क्यों है? क्या पुलिस की नजरों से यह गतिविधि वाकई दूर है, या फिर सब कुछ जानते हुए भी अनदेखी की जा रही है?
स्थानीय लोगों के बीच तरह-तरह की चर्चाएं हैं। सवाल उठ रहे हैं कि आखिर जुए के इस कथित खेल पर लगाम लगाने में जिम्मेदार पीछे क्यों हट रहे हैं? क्या कार्रवाई के लिए किसी शिकायत, बड़े हादसे या किसी अप्रिय घटना का इंतजार किया जा रहा है?
यह मामला महज जुए तक सीमित नहीं माना जा सकता। खुलेआम ऐसी गतिविधियों के संचालित होने के आरोप यदि सही हैं, तो इससे कानून-व्यवस्था के साथ-साथ आसपास के माहौल पर भी गंभीर असर पड़ सकता है। ऐसे में पुलिस के आला अधिकारियों को पूरे मामले का निष्पक्ष सत्यापन कराकर आवश्यक कार्रवाई करनी चाहिए, ताकि आम लोगों के मन में उठ रहे सवालों का जवाब मिल सके।
फिलहाल सबसे बड़ा सवाल चेतगंज पुलिस और संबंधित जिम्मेदारों से है—जब कथित तौर पर पता है कि जुआ कहां-कहां चलता है, तो कार्रवाई क्यों नहीं? आखिर यह खामोशी किस मजबूरी की है और किस रिश्ते को निभाने की चर्चा हो रही है?
अब देखना यह है कि जिम्मेदार इन सवालों का जवाब कार्रवाई से देते हैं या फिर पान दरीबा में कथित जुए का यह खेल यूं ही बेखौफ चलता रहता है।




