
- वाराणसी मंडल ब्यूरो पंकज झा
वाराणसी। भेलूपुर के महमूरगंज स्थित कथित फर्जी कॉल सेंटर से गिरफ्तार 21 महिलाओं को अपर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट (पंचम) की अदालत ने जमानत दे दी। बचाव पक्ष ने दलील दी कि गिरफ्तारी के दौरान धारा 43(5) बीएनएसएस का पालन नहीं किया गया। इस प्रावधान के अनुसार, सामान्य परिस्थितियों में किसी महिला को सूर्यास्त के बाद और सूर्योदय से पहले गिरफ्तार नहीं किया जा सकता, जब तक कि असाधारण परिस्थितियां न हों।
अदालत में उपनिरीक्षक से पूछे जाने पर यह स्वीकार किया गया कि इस प्रावधान का अनुपालन नहीं किया गया था। इसके बाद अदालत ने 21 महिलाओं को रिहा करने का आदेश दिया।
यह मामला 30 जुलाई को महमूरगंज में एक कथित फर्जी कॉल सेंटर पर पुलिस छापेमारी से जुड़ा है, जहां से कुल 32 लोगों (21 महिलाएं और 9 पुरुष) को गिरफ्तार किया गया था। पुलिस के अनुसार, आरोपी टेलीकॉलिंग के माध्यम से लोगों को शेयर बाजार में निवेश का झांसा देकर धन ऐंठने का काम करते थे और एक रिहायशी भवन में एनकेडी एंड एसोसिएट्स नाम से फर्म संचालित कर रहे थे।




