
फिरोजाबाद। राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) प्रमुख मोहन भागवत की यात्रा के दौरान स्वर्ण शताब्दी एक्सप्रेस पर हुए पथराव मामले में उत्तर प्रदेश पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए तीन आरोपियों में से दो को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस तीसरे आरोपी की तलाश में लगातार दबिश दे रही है। आरोपियों की पहचान और गिरफ्तारी में सीसीटीवी फुटेज ने अहम भूमिका निभाई।
जानकारी के अनुसार, गुरुवार शाम कानपुर से नई दिल्ली जा रही स्वर्ण शताब्दी एक्सप्रेस पर फिरोजाबाद के पास अज्ञात लोगों ने पत्थर फेंक दिया। पथराव के कारण एसी फर्स्ट क्लास कोच की खिड़की का शीशा टूट गया। घटना के समय आरएसएस प्रमुख मोहन भागवत भी ट्रेन में सवार थे। हालांकि, राहत की बात यह रही कि इस घटना में कोई यात्री घायल नहीं हुआ और ट्रेन सुरक्षित अपने गंतव्य तक पहुंच गई।
आगरा जोन के अपर पुलिस महानिदेशक (ADG) एस.के. भागवत ने बताया कि घटना सुबह करीब 7:15 बजे हुई। पुलिस ने तत्काल जांच शुरू कर दी और सीसीटीवी फुटेज के आधार पर आरोपियों की पहचान की गई। उन्होंने कहा कि मामले को गंभीरता से लेते हुए सभी पहलुओं की जांच की जा रही है।
वहीं, पुलिस उपाधीक्षक (DSP) आदित्य लांघ ने बताया कि दक्षिण और रसूलपुर थाना क्षेत्र की सीमा के पास ट्रेन पर पथराव की सूचना मिली थी। पुलिस टीमों ने मौके पर पहुंचकर जांच शुरू की और संदिग्धों की तलाश की। अब तक दो आरोपियों को गिरफ्तार किया जा चुका है, जबकि तीसरे आरोपी की तलाश जारी है।
पुलिस अधिकारियों के अनुसार, मामले में औपचारिक शिकायत दर्ज कर ली गई है और संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है। अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि घटना की निष्पक्ष और गहन जांच की जाएगी तथा दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।
पुलिस लगातार सीसीटीवी फुटेज और अन्य साक्ष्यों की जांच कर रही है ताकि घटना के पीछे की पूरी साजिश और सभी आरोपियों की भूमिका का पता लगाया जा सके।




