
- रिपोर्ट: पंकज झा
वाराणसी। युवती से दुष्कर्म, अश्लील फोटो व वीडियो बनाकर ब्लैकमेल करने के गंभीर आरोपों से जुड़े मामले में फास्ट ट्रैक कोर्ट (द्वितीय) सुनील कुमार की अदालत ने आरोपी अजय यादव को संदेह का लाभ देते हुए दोषमुक्त कर दिया। अभियोजन पक्ष के अनुसार, गाजीपुर निवासी पीड़िता ने फूलपुर थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई थी, जिसमें आरोप लगाया गया था कि आरोपी ने विवाह से पूर्व धमकी देकर दुष्कर्म किया और अश्लील वीडियो बनाकर उसे लगातार ब्लैकमेल करता रहा। विवाह के बाद भी धमकी देकर शारीरिक शोषण करने के आरोप लगाए गए थे।
बचाव पक्ष की ओर से वरिष्ठ अधिवक्ता अनुज यादव सहित अन्य अधिवक्ताओं ने आरोपों को असत्य और मनगढ़ंत बताया। अदालत ने समस्त साक्ष्यों का अवलोकन करने के बाद पाया कि अभियोजन पक्ष आरोपों को संदेह से परे साबित करने में असफल रहा। न्यायालय ने कहा कि एकमात्र साक्षी के आधार पर दोषसिद्धि तभी संभव है जब साक्ष्य पूर्णतः विश्वसनीय और निष्पक्ष हों। इन्हीं आधारों पर अदालत ने आरोपी को संदेह का लाभ देते हुए दोषमुक्त कर दिया।





