
- रिपोर्ट: प्रतीक वार्ष्णेय
हाथरस: प्रदेश भर में किसानों की जान माने जाने वाले ट्रैक्टर को निशाना बनाने वाले अन्तरजनपदीय गिरोह पर आखिरकार पुलिस का शिकंजा कस ही गया। गुरुवार रात हाईवे स्थित अनाज मंडी के पास चेकिंग के दौरान सिकंद्राराऊ पुलिस व एसओजी की टीम ने दो शातिर चोरों को दबोच लिया।
गिरफ्तारी के बाद जब आरोपियों से सख्ती से पूछताछ हुई तो चौंकाने वाला खुलासा सामने आया। उनकी निशानदेही पर पुलिस ने 7 चोरी के ट्रैक्टर, 2 ट्रॉली और 1 कंप्यूटर माझा बरामद किया। बरामद सामान की कीमत लगभग 68 लाख रुपये आँकी गई है।
पुलिस की रणनीति बनी सफलता की कुंजी
यह कार्रवाई न केवल सिकंद्राराऊ पुलिस की मुस्तैदी का उदाहरण है बल्कि यह भी दिखाती है कि संगठित अपराध पर अब कानून का शिकंजा और कस रहा है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि आरोपियों के तार प्रदेश के कई जिलों से जुड़े हैं और इनके खिलाफ बाबा बाराबंकी सहित अन्य मामलों में भी कार्रवाई की जा रही है।
किसानों को राहत
किसानों के लिए ट्रैक्टर खेती–किसानी का सबसे अहम साधन है। लगातार हो रही चोरी की घटनाओं से किसान दहशत में थे। इस बरामदगी के बाद गांव–गांव में राहत की लहर है और ग्रामीणों का कहना है – “अब रात में भी चैन की नींद सो पाएँगे।”
संदेश साफ – अपराध चाहे जितना संगठित क्यों न हो, बचना नामुमकिन
इस ऑपरेशन ने साफ कर दिया है कि अपराधियों के लिए प्रदेश में अब जगह नहीं। पुलिस का सख्त रवैया न केवल अपराधियों के लिए चेतावनी है बल्कि किसानों और आमजन के लिए भरोसे की नई किरण भी।





