
- रिपोर्ट: अमित कुमार
अयोध्या धाम। मर्यादा पुरुषोत्तम भगवान श्री राम की नगरी अयोध्या मेंलता चौक से राम पथ जाने वाले मार्ग पर ई-रिक्शा के प्रवेश पर रोक लगाए जाने के विरोध में ई-रिक्शा चालकों ने बुधवार को जोरदार प्रदर्शन किया। और कहा कि हम सरकार को टैक्स देते हैं यात्रियों को बेहतर सुविधा देते हैं दिन रात बाहर से आने वाले श्रद्धालुओं पर्यटकों एवं राम भक्तों को उनके गंतव्य स्थान गेस्ट हाउस मंदिर व उनके गुरु स्थान तक पहुंचते हैं हम सरकारी लोन लेकर दूसरों से कर्ज लेकर ई रिक्शा खरीद कर बेरोजगारी के दौर में सर्दी गर्मी बरसात मे कड़ी मेहनत कर अपना वह अपने परिवार का भरो पोषण करते चले जा रहे हैं परंतु स्थानीय पुलिस प्रशासन के तुगलक्की फरमान के आगे रोजी-रोटी का संकट मंडराने लगा है हम सभी अयोध्यावासी हैं वोट देकर महापौर विधायक सांसद व सरकार बनने तक सहयोग करते हैं वोट देते हैं उसके बाद सत्ता में आते हैं यही लोग हम लोगों का शोषण करने लगते हैं चुनाव के समय तत्काल समस्याओं का निराकरण बेरोजगारी की समस्या दूर करने रोजगार से जोड़ने का वादा करते हैं।

एक तरफ बैंक का लोन दूसरी ओर परिवार के रोटी का सवाल इसके बाद स्थानीय पुलिस का जुल्म इसका अस्थाई निदान चाहिए
कृष्णानंद फाउंडेशन ई-रिक्शा यूनियन के संस्थापक मुकुंद माधव त्रिपाठी के नेतृत्व में करीब 300 ई-रिक्शा चालकों ने पदयात्रा करते हुए कोतवाली अयोध्या का घेराव किया।
कोतवाली प्रभारी के पंकज सिंह केआश्वासन पर यूनियन का प्रतिनिधि मंडल सीओ अयोध्या से मिला। लगभग आधे घंटे की वार्ता के बाद यह तय हुआ कि नई रेट सूची के साथ चालकों का नाम, मोबाइल नंबर व आधार कार्ड की सूची प्रशासन को सौंपी जाएगी। इस प्रस्ताव पर दोनों पक्षों की सहमति बन गई।मौके पर राहुल यादव, ओम पांडेय, नफीस नारायण दूबे, लालजी, कुलदीप, मनीष मांझी, जितेंद्र, अशोक, गोलू यादव, प्रमोद यादव, राजू आदि मौजूद रहे।


