
नई दिल्ली, 21 नवंबर: केंद्रीय श्रम एवं रोजगार मंत्री डॉ. मनसुख मांडविया ने आज ऐतिहासिक घोषणा करते हुए बताया कि देशभर में चार नई श्रम संहिताएँ आज से पूरी तरह लागू हो गई हैं। ये संहिताएँ देश के करोड़ों श्रमिकों के जीवन में सम्मान, सुरक्षा और समृद्धि लाने वाली मोदी सरकार की सबसे बड़ी गारंटी बन गई हैं।
मंत्री ने कहा, “यह सिर्फ कानून नहीं, बल्कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी का श्रमवीरों के प्रति अटूट संकल्प है।”
श्रमिकों को मिली ये बड़ी गारंटियाँ:
- हर कामगार को समय पर न्यूनतम वेतन की गारंटी
- युवाओं को नियुक्ति-पत्र की गारंटी
- महिलाओं को समान वेतन और सम्मान की गारंटी
- 40 करोड़ श्रमिकों को सामाजिक सुरक्षा की गारंटी
- फिक्स्ड टर्म कर्मचारियों को एक साल बाद ग्रेच्युटी की गारंटी
- 40 साल से अधिक उम्र के श्रमिकों को हर साल मुफ्त हेल्थ चेक-अप की गारंटी
- ओवरटाइम करने पर दोगुना वेतन की गारंटी
- खतरनाक काम करने वाले श्रमिकों को 100% हेल्थ सिक्योरिटी की गारंटी
- अंतरराष्ट्रीय मानकों के अनुसार सामाजिक न्याय की गारंटी
डॉ. मांडविया ने सोशल मीडिया पर लिखा:
“मोदी सरकार की गारंटी – हर श्रमिक का सम्मान!”
श्रम मंत्रालय ने भी एक्स पर पोस्ट किया, “भारत के श्रम परिदृश्य में ऐतिहासिक बदलाव। 29 पुराने कानूनों को समेटकर चार आधुनिक, पारदर्शी और भविष्योन्मुखी लेबर कोड लागू। इससे श्रमिक सशक्त होंगे और अर्थव्यवस्था को नई गति मिलेगी।”
मंत्री ने आगे कहा कि ये श्रम सुधार आत्मनिर्भर भारत की मजबूत नींव हैं और विकसित भारत @2047 के संकल्प को नई रफ्तार देंगे।
आज से देश के हर श्रमिक के जीवन में एक नया सवेरा शुरू हो चुका है – सम्मान का, सुरक्षा का और समृद्धि का।


