
- रिपोर्ट: ज्ञानेश वर्मा/ यूपी हेड
राजधानी लखनऊ में आज के अभियान में कुष्ठ रोग, जो कि एक पुरानी संक्रामक बीमारी है जो मुख्य रूप से त्वचा (skin), नसों (nerves), आंखों और नाक की अंदरूनी सतह को प्रभावित करती है और यह बीमारी एक बैक्टीरिया Mycobacterium leprae के कारण होती है, इस बीमारी के प्रति जागरूकता फैलाने और इस बीमारी को जड़ से खत्म करने के संकल्प के साथ आज नगरीय सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (CHC), इंदिरा नगर में ‘कुष्ठ रोगी खोजी अभियान’ का औपचारिक शुभारंभ किया गया। अभियान का उद्घाटन मुख्य अतिथि विधायक मुकेश शर्मा और मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ एन बी सिंह द्वारा हरी झंडी दिखाकर किया गया।
इस अभियान का उद्देश्य और मुख्य उपस्थिति इस विशेष अभियान का लक्ष्य घर-घर जाकर कुष्ठ रोग के संभावित मरीजों की त्वरित पहचान करना है, ताकि समय रहते उनका निःशुल्क उपचार शुरू किया जा सके।
आपको बता दूं कि कार्यक्रम में स्वास्थ्य विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों की गरिमामयी उपस्थिति रही। इस अवसर पर चिकित्सा अधीक्षक डॉ. मयंक जलोटे विशेष रूप से मौजूद रहे। साथ ही, जिला क्षय रोग अधिकारी/जिला कुष्ठ रोग अधिकारी के दायित्वों का निर्वहन कर रहे डॉ. ए. के. सिंघल ने अभियान की रूपरेखा पर प्रकाश डाला।

अधिकारियों ने की अपील…
समारोह के दौरान अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि “कुष्ठ रोग लाइलाज नहीं है। उन्होंने आम जनमानस से आह्वान किया कि वे किसी भी प्रकार के संकोच या भ्रांति में न पड़ें और शरीर पर किसी भी तरह के दाग या धब्बे दिखाई देने पर तुरंत नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र पर जांच करवाएं। सरकारी अस्पतालों में इसके लिए जांच और इलाज की पूरी व्यवस्था निःशुल्क है।”
इस अभियान को सफल बनाने के लिए CHC के अन्य अधिकारी और कर्मचारियों ने भी अपनी सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित की है। कार्यक्रम में यू सीएचसी इंदिरा नगर लखनऊ के समस्त अधिकारी एवं कर्मचारी गण एवं टीबी इकाई डॉ राममनोहर लोहिया आयुर्विज्ञान संस्थान गोमती नगर लखनऊ से एस टी एस, एस टी एल एस ,टीबी एच बी उपस्थित रहे।



