
- रिपोर्ट: अनुराग सिंह बिष्ट
मुख्यमंत्री सूचना परिसर, लखनऊ: उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने दानवीर भामाशाह की जयंती की पूर्व संध्या पर आयोजित ‘व्यापारी कल्याण दिवस’ कार्यक्रम में शिरकत की। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने राज्य के सर्वोच्च जीएसटी करदाताओं को ‘भामाशाह सम्मान’ से सम्मानित किया और समाज में उल्लेखनीय योगदान देने वाले व्यापारियों को भी सराहा।
🛕 दानवीर भामाशाह: राष्ट्र सेवा और बलिदान की प्रतीक प्रेरणा
मुख्यमंत्री ने कहा कि जब भी हम महाराणा प्रताप को याद करेंगे, उनके साथ दानवीर भामाशाह का नाम स्वतः जुबां पर आएगा।
- भामाशाह ने अपने समस्त धन को मेवाड़ की सेना के पुनर्गठन के लिए समर्पित कर दिया था।
- उनकी सहायता से महाराणा प्रताप ने पुनः संगठित सेना के साथ चित्तौड़ और मेवाड़ के दुर्गों को पुनः प्राप्त किया।
- यह राष्ट्रभक्ति की भावना आज भी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा ‘राष्ट्र प्रथम’ के रूप में जीवित है।
🏆 व्यापारियों को सम्मान और जिम्मेदारी दोनों
मुख्यमंत्री ने कहा कि
“भामाशाह जी की जयंती हर वर्ष 29 जून को ‘व्यापारी कल्याण दिवस’ के रूप में मनाई जानी चाहिए।”
उन्होंने घोषणा की:
- प्रत्येक जनपद में सर्वाधिक जीएसटी देने वाले 10 व्यापारियों को सम्मानित किया जाएगा।
- राजधानी लखनऊ में राज्य स्तरीय करदाताओं का भव्य सम्मान समारोह आयोजित होगा।
- दुर्घटना में मृत जीएसटी पंजीकृत व्यापारियों के परिजनों को 10 लाख रुपये की बीमा राशि व्यापारी कल्याण बोर्ड से दी जाएगी।
🌳 ‘वन डिस्ट्रिक्ट, वन रिवर’ और पर्यावरणीय भूमिका में व्यापारी
- मुख्यमंत्री ने ‘वन डिस्ट्रिक्ट, वन रिवर’ योजना के तहत हर जिले की एक नदी के पुनरुद्धार और वृक्षारोपण में व्यापारियों से सहभागिता की अपील की।
- उन्होंने प्रधानमंत्री के अभियान “एक पेड़ माँ के नाम” से भी व्यापारियों को जुड़ने का आह्वान किया।
📜 इतिहास से सीख – आज की पीढ़ी को भामाशाह और प्रताप से जोड़ने की जरूरत
मुख्यमंत्री ने कहा:
- भामाशाह और महाराणा प्रताप सिर्फ ऐतिहासिक चरित्र नहीं, बल्कि राष्ट्र सेवा के जीवंत प्रतीक हैं।
- धर्म, देश और लोककल्याण के लिए किया गया दान सार्थक और यशस्वी बनाता है, जैसा कि श्रीमद्भगवद्गीता में भी कहा गया है।
🔥 राजनीतिक संदेश: जातिवाद और माफियाराज के विरुद्ध
मुख्यमंत्री ने पूर्ववर्ती सरकारों पर हमला बोलते हुए कहा:
- कुछ लोगों ने जातिवाद को बढ़ावा देकर समाज को बांटा और माफियाओं को संरक्षण दिया।
- योगी सरकार ने कानून-व्यवस्था सुदृढ़ कर व्यापारियों और बहन-बेटियों की सुरक्षा सुनिश्चित की है।
🎞️ कार्यक्रम की झलकियां
- श्रीमद्भगवद्गीता और ‘हल्दीघाटी’ काव्य की पंक्तियों से मुख्यमंत्री ने महाराणा प्रताप के अद्भुत पराक्रम को रेखांकित किया।
- कार्यक्रम में उत्तर प्रदेश की व्यापार अनुकूल नीतियों पर आधारित एक लघु फिल्म भी प्रदर्शित की गई।
🧑🤝🧑 उपस्थित गणमान्य व्यक्ति:
कार्यक्रम में वित्त मंत्री सुरेश खन्ना, लखनऊ की महापौर सुषमा खर्कवाल, विधायक नीरज बोरा, राजेश्वर सिंह, प्रमुख सचिव एम. देवराज, व्यापारी प्रतिनिधि रविकांत गर्ग, उद्योग मंडल के राष्ट्रीय अध्यक्ष संदीप बंसल, तथा हरियाणा विधानसभा के पूर्व अध्यक्ष ज्ञानचंद्र गुप्ता सहित बड़ी संख्या में व्यापारीगण उपस्थित रहे।
निष्कर्ष:
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने इस अवसर पर व्यापारियों की राष्ट्र निर्माण में भूमिका को सराहा और उन्हें सामाजिक दायित्वों से भी जोड़ने की पहल की। उन्होंने दानवीर भामाशाह की जयंती को व्यापारी वर्ग की प्रेरणा बताते हुए उसे प्रतिवर्ष व्यापक स्तर पर मनाने का आह्वान किया।





