
रिपोर्ट: अनुराग सिंह बिष्ट
लखनऊ: उत्तर प्रदेश पावर कॉरपोरेशन के भीतर लंबे समय से सुलग रही कलह अब खुलकर सामने आ गई है। ऊर्जा मंत्री अरविंद शर्मा और मौजूदा चेयरमैन आशीष गोयल के बीच तनातनी अब किसी से छिपी नहीं रही। माना जा रहा है कि गोयल की कुर्सी पर खतरा मंडरा रहा है और उनकी छुट्टी लगभग तय मानी जा रही है। उनकी जगह वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारी पार्थ सारथी सेन शर्मा को चेयरमैन बनाए जाने की तैयारी अंतिम दौर में है।
ऊर्जा विभाग के गलियारों में यह टकराव अब दिल्ली बनाम गुजरात लॉबी की सीधी लड़ाई में तब्दील हो चुका है। एक ओर हैं पीएम नरेंद्र मोदी के करीबी माने जाने वाले ऊर्जा मंत्री अरविंद शर्मा, तो दूसरी ओर सत्ता के भरोसे पर चल रहे आशीष गोयल। यह टकराव अब ‘मोदी के विश्वस्त’ और ‘सेंट्रल लॉबी के अफसर’ के बीच सीधा महाभारत बन चुका है।
बताया जा रहा है कि आशीष गोयल के कार्यकाल में पावर कॉरपोरेशन में निजीकरण की कोशिशें तेज़ हुईं, जिससे विभागीय कर्मचारियों में भारी असंतोष पनप गया। कई बार प्रदर्शन और आंदोलन की नौबत आ चुकी है। हाल ही में ऊर्जा मंत्री के जिलों के दौरों के दौरान जनता का बिजली व्यवस्था को लेकर गुस्सा खुलकर सामने आया। इसके बाद लखनऊ लौटते ही मंत्री ने गोयल पर सीधा निशाना साधा।
अब यह लगभग तय माना जा रहा है कि आने वाले दिनों में ऊर्जा विभाग में बड़ा प्रशासनिक बदलाव होगा, और पार्थ सारथी सेन शर्मा की चेयरमैन पद पर नियुक्ति की घोषणा जल्द हो सकती है।





