
- वरिष्ठ संवाददाता: राजीव आनन्द
अयोध्या। वर्तमान में अयोध्या में भाजपा की सह पर मंतवादियों,वर्चस्ववादियों की तानाशाही व गुंडागर्दी चरमसीमा पर पहुंच गयी है।सामंतवादियों के द्वारा आये दिन पीडीए के साथ आपराधिक घटनाओं को अंजाम दे रहे हैं, और पुलिस उनपर हाथ डालने में कतरा रही है। तमाम मामलों में पुलिस अपना पीण्ड छुङाने, खानापूर्ति व धन उगाही के लिए निर्दोष पीडीए के लोगों को उठाकर पुलिसिया उत्पीड़न कर रही है।
विगत दिनों हिन्दुस्तान हिन्दी दैनिक अखबार के पत्रकार राममूर्ति यादव पर कार्यालय के बाहर राड से हमला कर हमलावरों ने दोनों पैर को तोङ दिया,सिर पर गम्भीर चोट पहुंचाकर बुरी तरह घायल कर दिया।तीन हमलावर तो गिरफ्तार हो गए हैं,लेकिन मुख्य षडयंत्रकारी गौरव पाण्डेय अभी फरार चल रहा है,कहां चला गया पुलिस का सर्विलांस कि मुख्य आरोपी पुलिस की पकङ में नहीं आ रहा है? विगत 7 दिसम्बर को मिल्कियत क्षेत्र के घाटमपुर के दुधिया रमाकांत यादव को सामंती संतोष सिंह ने हमला कराकर बुरी तरह घायल करा दिया।
समाजवादी पार्टी पिछड़ावर्ग प्रकोष्ठ उ.प्र के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष व गोशाईंगंज विधानसभा क्षेत्र के प्रभारी/प्रत्याशी चौ.लौटनराम निषाद ने अयोध्या पुलिस प्रशासन से पत्रकार राममूर्ति यादव पर डेढ़ लाख देकर हमला कराने वाले षडयंत्रकारी की गिरफ्तारी करने व उसके अधिष्ठान प्रतिष्ठान व घर पर बुलडोजर चलाने की मांग किया है।
गोशाईंगंज विधानसभा क्षेत्र के सोनौरा गऊपुर( सुखदेव तिवारी का पुरवा)थाना-तारून के बूथ प्रभारी शिवकुमार वर्मा पुत्र भगवानदीन वर्मा से मंडलीय चिकित्सालय में मुलाकात कर हालचाल व घटना की जानकारी लिया।विगत 8 दिसम्बर को गांव के सामंती वर्चस्ववादी एकरंगी नागेन्द्र दत्त तिवारी ने साथियों के साथ लोहे के राड से बुरी तरह हमला कराकर दोनों पैर व दोनों पैर तोड़ा दिया और सिर पर गम्भीर चोट पहुंचा दिया।हमलावर अभी तक छुट्टा घूम रहे हैं,पुलिस इनके भाजपाई होने के कारण गिरफ्तार नहीं की है।
पुलिस निर्दोष लोगों को उठाकर मारपीट व धन उगाही कर रही है। पुलिस मोबाइल का लोकेशन केवलापुर-तकमीनगंज बताकर गांव के निर्दोष लोगों का उत्पीड़न कर रही है। पुलिस बता रही है की लोकेशन इसी गांँव का मिल रहा है।
उन्होंने तारून पुलिस से जानना चाहा है, कि अगर अपराधी व हमलावर थाना कैम्पस में मोबाइल का लोकेशन मिलता तो क्या पुलिस वालों की पिटाई करते।
पुलिस ने एक मुस्लिम, विश्वकर्मा लङके को उठाकर मारपीट किया और डरा धमकाकर पैसा लेकर छोङ दिया। पुलिस ने केवलापुर-तकमीनगंज के आदित्य निषाद को उठाकर थाने लाकर पिटाई किया और छोङ दिया।
दूसरे दिन फिर उठाकर थाने में बन्द कर दिया।अगर वह दोषी है तो उसका चालान क्यों नहीं किया? पीङित शिवकुमार वर्मा ने बताया कि नागेन्द्र दत्त तिवारी अपने साथियों के साथ राड से हमला कराकर हाथ-पैर तोङवा दिया और सिर पर गम्भीर चोटें पहुंचाई। मुख्य आरोपी नागेन्द्र दत्त तिवारी अपने को बचाने के लिए हार्ट अटैक का बहाना बनाकर अयोध्या में डा.एफ.बी.सिंह/फतेह बहादुर सिंह के हास्पिटल में भर्ती हो गया है।
निषाद ने कहा कि जीरो टाॅलरेंस व कानून व्यवस्था का दम्भ भरने वाले योगी आदित्यनाथ की रामराजी सरकार में भाजपा के गुण्डे, अपराधी, माफिया खुलेआम बेखौफ होकर पीडीए के उपर अत्याचार कर रहे हैं।पूरे प्रदेश में भय व भ्रष्टाचार का सामंतवादी स्राम्राज्य कायम हो गया है।योगीराज में उत्तर प्रदेश में जंगलराज गुण्डाराज व माफियाराज स्थापित हो गया है।
प्रदेश में कानून व्यवस्था ध्वस्त, अपराधी मस्त व पुलिस धन उगाही में लिस्त है। उन्होंने राष्ट्रीय अध्यक्ष जी से निवेदन कर पार्टी की तरफ से यथासम्भव सहयोग दिलाने का भरोसा दिलाया।
सोनौरा गाऊपुर (तीवारी का पुरवा) में शिवकुमार पटेल के परिवार व केवलापुर- तकमीनगंज में गांव के लोगों से समाजवादी लोहिया वाहिनी के राष्ट्रीय सचिव विजयबहादुर वर्मा,समाजवादी पिछड़ावर्ग प्रकोष्ठ उ.प्र के प्रदेश सचिव जगन्नाथ पाल, अवधेश वर्मा,संदीप यादव सन्नी,छोटू पाल,बैजनाथ यादव पूर्व प्रधान, तूफानी यादव, सुरजीत यादव, प्रदीप जायसवाल, सोनू गुप्ता,भागवत यादव आदि के साथ मिलकर कहा कि यदि पुलिस अपनी हरकतों बाज नहीं आई तो सङकों पर उतरकर तारून थाने का घेराव किया जायेगा।पीङित का दोष सिर्फ इतना था कि उसने सामंतवादियों के कहने पर अपने घर पर लगे समाजवादी पार्टी का झण्डा नहीं उतारा।
इस मामले में मोबाइल लोकेशन के नाम पर केवलापुर (तकमीनगंज) दर्जनों नाबालिग युवकों आदित्य निषाद, फूलचंद निषाद, अमलेश निषाद,शनि निषाद, विनय विश्वकर्मा,करन गुप्ता,अंकुर निषाद, सलमान,इरशाद आदि घर में घूसकर पुलिसिया तांडव,महिलाओं के साथ गाली-गलौज किया,तारून थाना पर ले जाकर बुरी तरह पिटाई किया,बिजली का शाॅट मारा और अभी तक आदित्य निषाद को चार दिन व फूलचंद निषाद को तीन दिन मारपीट कर थाने में बंद रखा है।
मुख्य अभियुक्त नागेन्द्र दत्त तिवारी हार्ट का बहाना बनाकर हास्पिटल में भर्ती था। जहां पुलिस का पहरा था,के बावजूद फरार हो गया।
उपमुख्यमंत्री बृजेश पाठक के दबाव में मुख्य आरोपी पर सख्ती न बरतकर तकमीनगंज व बनघुसरा के निर्दोष लोगों का पुलिसिया उत्पीड़न किया जा रहा है।


