
बिहार: केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह मंगलवार को पश्चिम चंपारण जिले के सिकटा विधानसभा क्षेत्र में पहुँचे, जहाँ उन्होंने एनडीए उम्मीदवार समृद्ध वर्मा के समर्थन में एक विशाल जनसभा को संबोधित किया। सभा स्थल पर भारी भीड़ उमड़ी और सख्त सुरक्षा व्यवस्था की गई थी।
अमित शाह ने अपने भाषण में विपक्ष पर तीखे हमले बोलते हुए कहा कि जब जनता “तीर छाप पर बटन दबाएगी, तो बिहार में जंगलराज लौटने से बचेगा।” उन्होंने याद दिलाया कि बिहार ने वह समय भी देखा है जब हत्या, लूट, अपहरण और डकैती आम बात थी, लेकिन एनडीए सरकार ने राज्य को उस अंधकारमय दौर से बाहर निकाला।
शाह ने पश्चिम चंपारण की जनता से अपील की—“पिछली बार 9 में से 8 सीटें हमने जीती थीं, इस बार 9 की 9 सीट जिताइए।” उन्होंने आरोप लगाया कि लालू यादव और राबड़ी देवी के 15 साल के शासन में बिहार “मिनी चंबल” बन गया था।
गृह मंत्री ने कहा कि लालू यादव और उनके समर्थक “शहाबुद्दीन जिंदाबाद” के नारे लगाकर फिर से जंगलराज लाना चाहते हैं। उन्होंने सवाल उठाया, “क्या बिहार में राम मंदिर का विरोध करने वालों की कोई जगह है?” शाह ने जनता से अपील की कि वे एनडीए को समर्थन देकर बिहार को फिर से अस्थिरता में जाने से बचाएँ।
राहुल गांधी पर निशाना साधते हुए अमित शाह ने कहा, “जब अनुच्छेद 370 हटाया गया, राहुल गांधी ने कहा था कि खून की नदियाँ बहेंगी, लेकिन छह साल में एक पत्थर भी नहीं चला। अब अगर पाकिस्तान गोली चलाएगा, तो जवाब गोले से दिया जाएगा, और वो गोला पाकिस्तान में गिरेगा, जो बिहार में बना होगा।”
शाह ने वादा किया कि एनडीए सरकार बनने पर बंद पड़ी चीनी मिलों को फिर से चालू किया जाएगा। उन्होंने कहा, “लालू यादव अपने बेटे को मुख्यमंत्री और सोनिया गांधी अपने बेटे को प्रधानमंत्री बनाना चाहती हैं, लेकिन बिहार और दिल्ली – दोनों जगह अब कोई जगह खाली नहीं है।”
अपने संबोधन के अंत में अमित शाह ने कहा, “प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री नीतीश कुमार पर एक भी दाग नहीं है। दोनों ने मिलकर देश और बिहार को भ्रष्टाचार और आतंकवाद से मुक्त किया है। मतदान के दिन इतना तेज बटन दबाइए कि दबे यहाँ और आवाज़ इटली तक सुनाई दे।”



