
समाचार टूडे वाराणसी
वाराणसी। भारतीय रेल यातायात सेवा (IRTS) के 45 प्रशिक्षु अधिकारियों (प्रोबेशनर्स) ने अपने प्रशिक्षण कार्यक्रम के अंतर्गत वाराणसी जंक्शन का शैक्षिक भ्रमण किया। भ्रमण के दौरान प्रशिक्षु अधिकारियों को स्टेशन संचालन, यातायात प्रबंधन, यार्ड नियोजन तथा भीड़ प्रबंधन की व्यवस्थाओं की विस्तृत जानकारी दी गई। साथ ही, वाराणसी जंक्शन जैसे व्यस्त स्टेशन पर यात्री सुविधा, सुरक्षा एवं सुगम आवागमन सुनिश्चित करने हेतु अपनाई गई व्यवस्थाओं से भी उन्हें अवगत कराया गया। एक प्रमुख यात्री एवं परिचालन केंद्र के रूप में वाराणसी जंक्शन के इस भ्रमण ने प्रशिक्षु अधिकारियों को रेलवे तंत्र की जटिलताओं को वास्तविक समय में समझने का महत्वपूर्ण अवसर प्रदान किया।
इस अवसर पर प्रशिक्षुओं ने कंट्रोल रूम, सिग्नलिंग रूम एवं यार्ड क्षेत्रों का अवलोकन किया तथा स्टेशन पर चल रहे विकास कार्यों एवं आधुनिक प्रौद्योगिकी के उपयोग के बारे में जानकारी प्राप्त की।कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य रेलवे इन्फ्रास्ट्रक्चर प्लानिंग को समझना रहा, जिसमें जनसेवा को केंद्र में रखा गया।
इस अवसर पर उत्तर रेलवे के वरिष्ठ अधिकारीगण—श्री बृजेश कुमार यादव, अपर मंडल रेल प्रबंधक, वाराणसी; श्री अर्पित गुप्ता, स्टेशन निदेशक, वाराणसी; तथा श्री वंदनेश शेखावत, एक्सईएन (निर्माण)—उपस्थित रहे।
अधिकारियों ने परिचालन चुनौतियों, अवसंरचना विकास तथा सुचारु रेलवे संचालन सुनिश्चित करने में विभिन्न विभागों के मध्य समन्वय के महत्व पर अपने विचार साझा किए। यह अध्ययन दौरा रेलवे संचालन के विविध आयामों की समग्र समझ प्रदान करने में सहायक सिद्ध हुआ तथा इसने तकनीकी दक्षता को जनसेवा के दृष्टिकोण के साथ समन्वित करने की आवश्यकता को रेखांकित किया। साथ ही, इसने सुरक्षित, कुशल एवं यात्री-हितैषी रेल सेवाएं सुनिश्चित करने में रेलवे की महत्वपूर्ण भूमिका को भी उजागर किया।
यह पहल भारतीय रेल की सतत प्रतिबद्धता को दर्शाती है, जिसके अंतर्गत भविष्य के अधिकारियों को सक्षम, व्यवहारिक एवं आधुनिक चुनौतियों के अनुरूप प्रशिक्षित किया जा रहा है, ताकि विश्व के प्रमुख रेल नेटवर्कों में से एक की बढ़ती आवश्यकताओं को प्रभावी रूप से पूरा किया जा सके।




