
- वरिष्ठ संवाददाता: राजीव आनन्द
लखनऊ। 13 फरवरी को राष्ट्रीय महिला दिवस के अवसर पर लखनऊ में वीरांगना वाहिनी के नेतृत्व में होने जा रहे युवा लड़कियों के विशाल सम्मेलन की सफलता के लिए एआईपीएफ के संस्थापक सदस्य अखिलेन्द्र प्रताप सिंह ने प्रदेश की लोकतांत्रिक ताकतों से अपील की है। इस अपील में उन्होंने कहा कि यह सम्मेलन महिला आंदोलन का एक नया अध्याय हो सकता है क्योंकि यह एक महज कार्यक्रम नहीं बल्कि लोकतंत्र को जमीनी ताकत देने की संगठित कोशिश है।
यही नहीं जमीनी स्तर पर पूरे प्रदेश में लड़कियों को आत्मरक्षा के प्रशिक्षण में इस संगठन की नेतृत्वकारी टीम ने महिला आंदोलन का नया प्रयोग किया है। इन्हीं अर्थों में महिला आंदोलन की एक नयी कोशिश है, जो किसी विशेष दल से संचालित न होकर लोकतांत्रिक विचारधारा से स्वयं ताकत ग्रहण करती है। इस जुटान में युवा लड़कियों की अच्छी भागीदारी हो रही है, जो समाज के विभिन्न तबकों और समुदायों से आती हैं। इस मंच के माध्यम से 50 से अधिक लड़कियां अपने साझे अनुभव और काम पर अपनी बात रखेंगी।
आज जब महिलाओं को घर की चाहर दीवारी में बने रहने और चुप रहने की हिदायत दुनिया में दी जा रही है। संवैधानिक संस्थाओं को कमजोर किया जा रहा है, अभिव्यक्ति के आजादी पर पहरे लग रहे हैं और सामाजिक अधिकार को सीमित किया जा रहा है। तब इस तरह के सम्मेलन का महत्व और बढ जाता है। ऐसे में युवा लड़कियों का यह हस्तक्षेप एक नई उम्मीद पैदा करता है।
यह जुटान राष्ट्रीय आजादी आंदोलन में महिलाओं की भूमिका और महिला आंदोलन के पुराने अनुभव से सीखेगा और आज के दौर लायक अपनी स्वायत्त ताकत बनायेगा। हम प्रदेश की सभी लोकतांत्रिक ताकतों से इस सम्मेलन के आयोजन में मदद करने की अपील करते हैं।





