
- रिपोर्ट: प्रतीक वार्ष्णेय
हाथरस: अपराधियों के खिलाफ पुलिस अधीक्षक चिरंजीव नाथ सिन्हा की सख्त नीति और तेज़ कार्रवाई ने एक बार फिर साबित कर दिया कि हाथरस में अपराध का कोई स्थान नहीं। एंटी थेफ्ट टीम, मिशन शक्ति टीम और थाना मुरसान पुलिस की संयुक्त कार्यवाही में मात्र 24 घंटे के भीतर लूट के इरादे से घर में घुसकर फायरिंग करने वाले दोनों बदमाशों को पुलिस ने मुठभेड़ के बाद धर दबोचा। एक बदमाश ओमवीर उर्फ सोनू गोली लगने से घायल हुआ, जबकि उसका साथी देवा उर्फ सूर्यदेव सिंह को जिंदा पकड़ लिया गया।
दिनदहाड़े व्यापारी के घर में घुसे थे हथियारबंद लुटेरे
09 अक्टूबर की सुबह करीब 10:15 बजे मुरसान कस्बे में खाद-बीज व्यापारी अमित कुमार अग्रवाल के घर दो बदमाश लूट की नीयत से घुस आए। बदमाशों ने व्यापारी की पत्नी और मां पर तमंचा तान दिया और अलमारी की ओर बढ़े। तभी शोर सुनकर कर्मचारी पहुंच गए तो बदमाश फायरिंग करते हुए भाग निकले। घटना से पूरे कस्बे में हड़कंप मच गया।
एसपी का एक्शन मोड – चार टीमों का गठन, अपराधियों की नींद उड़ी
घटना की जानकारी मिलते ही एसपी चिरंजीव नाथ सिन्हा ने इसे गंभीरता से लेते हुए “ऑपरेशन क्लीन हिट” लॉन्च कर दिया। उन्होंने अपर पुलिस अधीक्षक के निर्देशन व सीओ सादाबाद के नेतृत्व में चार टीमों का गठन किया।
150 से अधिक सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली गई, सर्विलांस और ग्राउंड इंटेलिजेंस का सहारा लिया गया। कुछ ही घंटों में पुलिस को दोनों शातिरों के फुटेज मिल गए।
एसपी सिन्हा ने सभी टीमों को सख्त निर्देश दिया –अपराधी चाहे जहां छिपा हो, 24 घंटे में गिरफ्तार होना चाहिए!”
सुसावली बम्बे पर मुठभेड़ — गोलीबारी से गूंज उठा इलाका
10 अक्टूबर की सुबह मिशन शक्ति, एंटी थेफ्ट और थाना मुरसान पुलिस संयुक्त रूप से गश्त कर रही थी। तभी सूचना मिली कि लूटकांड में शामिल दोनों आरोपी बाइक से ग्राम सुसावली की ओर जा रहे हैं।
पुलिस ने नाकाबंदी की, पर आरोपी रुके नहीं। उन्होंने पुलिस पर फायरिंग शुरू कर दी। जवाबी कार्रवाई में पुलिस की गोली से ओमवीर उर्फ सोनू घायल हो गया जबकि देवा उर्फ सूर्यदेव सिंह को पुलिस ने घेराबंदी कर पकड़ लिया।
घायल बदमाश को उपचार के लिए अस्पताल भेजा गया। मौके से पुलिस ने 02 तमंचे, 02 जिंदा और 01 खोखा कारतूस, व एक मोटरसाइकिल बरामद की।

रैकी कर रचा था लूट का खेल!
पूछताछ में देवा ने कबूला कि वह और ओमवीर दोनों किसान हैं और पैसों की सख्त जरूरत थी।उन्हें पता चला कि व्यापारी अमित अग्रवाल की दुकान पर बड़ा लेन-देन होता है।दोनों ने पहले दुकान पर जाकर पहचान बनाई और फिर घर पहुंचकर “अमित ने थैला भेजा है” कहकर अंदर घुसे।लेकिन जैसे ही शोर हुआ, नौकरों के आ जाने पर वे फायरिंग करते हुए भाग निकले।
एसपी ने दी टीम को शाबाशी — कहा, “जनता की सुरक्षा सर्वोपरि”
एसपी चिरंजीव नाथ सिन्हा ने कहा हाथरस पुलिस किसी भी अपराध को बर्दाश्त नहीं करेगी।हमारी टीमें हर हाल में अपराधियों को उनके अंजाम तक पहुंचाएंगी।यह मुठभेड़ हमारी प्रतिबद्धता का प्रमाण है।”




