
- रिपोर्ट: अनुपम श्रीवास्तव
संतकबीरनगर: आज पूरे देश में सरकार भले ही जीएसटी कम करने के दावे कर रही हो लेकिन हकीकत यह है कि स्कूल बैग, यूनिफ़ॉर्म और किताबों पर अब भी 18 प्रतिशत जीएसटी लागू है। इससे बच्चों और अभिभावकों को कोई राहत नहीं मिल रही।
समाजवादी पार्टी के वरिष्ठ नेता सुनील सिंह ने कहा कि निजी स्कूल हर साल फीस बढ़ा रहे हैं और अभिभावकों पर अपनी दुकान से किताबें व यूनिफ़ॉर्म खरीदने का दबाव बना रहे हैं। ‘‘यह सीधा शोषण है और बच्चों के भविष्य के साथ खिलवाड़ है,’’
वरिष्ठ नेता सुनील सिंह ने कहा कि वह लगातार शिक्षा विभाग के मंत्रियों और अधिकारियों से मिलने की कोशिश कर रहे हैं लेकिन न तो कोई मिलने को तैयार है और न ही सुनने को। ‘‘मंत्री से लेकर मुख्यमंत्री तक सड़क पर दिखावटी नौटंकी कर रहे हैं, लेकिन असल मुद्दों पर मौन हैं,’’
समाजवादी नेता सुनील सिंह ने मांग की कि बच्चों की पढ़ाई पर टैक्स और स्कूलों की मनमानी – दोनों पर कठोर कार्रवाई होनी चाहिए। उन्होंने चेतावनी दी कि अगर सरकार और अधिकारी आंख मूंदकर बैठे रहेंगे, तो समाजवादी पार्टी सड़क से लेकर सदन तक हर जगह आवाज़ बुलंद करेगी, ताकि इस अन्याय को दबाया न जा सके।



