
- रिपोर्ट: अनुराग सिंह बिष्ट
रायबरेली में प्रशासनिक अधिकारियों की बेलगाम कार्यशैली ने हद पार कर दी है। विधायकों और सांसदों की बात तो छोड़िए, कैबिनेट मंत्री राकेश सचान के फोन तक नहीं उठाए जा रहे। हालात ऐसे हैं कि मंत्री को अधिकारियों को फटकार लगाते हुए कहना पड़ा, “कम से कम फोन तो उठाया करिए।”
राकेश सचान का रियल्टी चेक
कैबिनेट मंत्री राकेश सचान ने रायबरेली में अधिकारियों की जवाबदेही की जांच के लिए रियल्टी चेक किया। उन्होंने पत्रकारों के सामने डीएफओ और सीडीओ को उनके सीयूजी नंबर पर कॉल किया, लेकिन दोनों अधिकारियों ने फोन रिसीव नहीं किया। सीडीओ अर्पित उपाध्याय का फोन किसी अन्य व्यक्ति ने उठाया, जिस पर मंत्री ने कड़ी नाराजगी जाहिर की।
“2027 में यही अधिकारी जीत का सेहरा बांधेंगे”
मंत्री ने तंज कसते हुए कहा कि यही अधिकारी 2027 के चुनावों में जीत का सेहरा बांधने के लिए तत्पर रहेंगे, लेकिन अभी जनप्रतिनिधियों के फोन तक नहीं उठा रहे। इस घटना ने जिले में अधिकारियों की लापरवाही और गैर-जिम्मेदाराना रवैये को उजागर कर दिया है।



