
- रिपोर्टर: हिमांशु तिवारी
कन्नौज: रामस्वरूप यूनिवर्सिटी में एबीवीपी छात्रों पर हुए लाठीचार्ज का मामला तूल पकड़ चुका है। इसी कड़ी में कन्नौज में छात्रों का गुस्सा फूट पड़ा। एबीवीपी कार्यकर्ताओं ने गांधी सभागार में आयोजित समीक्षा बैठक में घुसकर मंत्री के सामने ही “शिक्षा माफिया मुर्दाबाद” के नारे लगाए। अचानक हुए इस प्रदर्शन से प्रशासन के होश उड़ गए और बैठक का माहौल अराजक हो गया।
रामस्वरूप यूनिवर्सिटी में लाठीचार्ज से नाराज़ एबीवीपी कार्यकर्ताओं ने कन्नौज में शिक्षा मंत्री रजनी तिवारी के सामने जोरदार प्रदर्शन किया। पुलिस प्रशासन और शिक्षा माफियाओं पर मिलीभगत का आरोप लगाते हुए छात्रों ने जमकर नारेबाज़ी की।सभागार में गूंजे इन नारों ने पूरे जिले के अधिकारियों को सकते में डाल दिया।गांधी सभागार में जिले की प्रभारी मंत्री एवं उच्च शिक्षा राज्य मंत्री रजनी तिवारी की अध्यक्षता में समीक्षा बैठक चल रही थी। तभी अचानक दर्जनों एबीवीपी कार्यकर्ता सभा स्थल में घुस आए और जोरदार विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया।

छात्रों का आरोप है कि पूरे प्रदेश में कॉलेजों और यूनिवर्सिटीज़ में अवैध वसूली हो रही है। छात्रों से जबरन फीस, ड्रेस और किताबों के नाम पर लूट की जा रही है। रामस्वरूप यूनिवर्सिटी में जब कार्यकर्ताओं ने इसका विरोध किया तो उन पर बेरहमी से लाठियां बरसाई गईं।हम पर शांतिपूर्ण प्रदर्शन के दौरान लाठीचार्ज किया गया। यह लोकतंत्र की हत्या है। हम मांग करते हैं कि दोषी अधिकारियों पर कड़ी कार्रवाई हो, वरना आंदोलन और उग्र होगा।

नारेबाज़ी के बीच शिक्षा मंत्री रजनी तिवारी ने छात्रों की बात सुनी। मंत्री ने कहा कि इस पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराई जाएगी और दोषियों के खिलाफ कार्रवाई होगी।छात्र हमारे अपने हैं। यदि कहीं कोई गलती हुई है तो जांच कराई जाएगी और दोषियों को बख्शा नहीं जाएगा। लेकिन मैं चाहती हूँ कि छात्र शांतिपूर्ण तरीके से अपनी बात रखें।

प्रदर्शन के दौरान भारी पुलिस बल तैनात रहा। अफसर सकते में थे क्योंकि समीक्षा बैठक के दौरान अचानक छात्रों का हुजूम मंत्री के सामने आ खड़ा हुआ। हालांकि थोड़ी देर बाद मंत्री से आश्वासन मिलने पर एबीवीपी कार्यकर्ता नारेबाज़ी करते हुए वापस लौट गए।





