
उमाशंकर सिंह
मरने के बाद भी धरती से आपको स्वर्ग दिलवाता है यमपुत्र। जिसे हम और आप “कण्टाहा” ब्राह्मण भी कहते है
क्या हम यमपुत्र को उसके हक का इज्जत देते हैं ? क्या हम हिन्दू समाज यमपुत्र रूपी पंडित जी को उनके स्तर पर सम्मान देते हैं ।
टीम रतनव रामा पांडेय के नेतृत्व में सामाजिक नाटक यमपुत्र के विशेष मंचन दिल्ली के श्री राम सेंटर में किया गया। यमपुत्र एक विचारोत्तेजक नाटक है जो समाज में व्याप्त विभिन्न मुद्दों को संवेदनशील और प्रभावशाली ढंग से प्रस्तुत करता है। यह नाटक दर्शकों को न केवल मनोरंजन किया बल्कि समाज से कई सवाल भी पूछा और समाज के प्रति गहरी सोच को भी प्रेरित किया। रमा पांडे और उनकी टीम के संयोजन में बेहतरीन कलाकारो का समागम , सामाजिक ,पारिवारिक , परंपरागत और मनोरंजक नाट्य मंचन हुआ ।








