
- रिपोर्ट: अनुराग सिंह बिष्ट
राजधानी लखनऊ के आलमबाग बस अड्डे पर इन दिनों किन्नरों की दबंगई से यात्रियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
बसों में घुसकर और रास्ते में रोककर किन्नर जबरन नेग (पैसे) की वसूली करते हैं, और विरोध करने पर गाली-गलौज से लेकर मारपीट तक की घटनाएं सामने आ रही हैं।
दिनभर सक्रिय रहता है किन्नरों का गिरोह
यात्रियों और राहगीरों का कहना है कि किन्नरों का एक स्थायी गिरोह सुबह से देर रात तक बस अड्डे पर डेरा डाले रहता है। जैसे ही कोई लंबी दूरी की ट्रेन चारबाग या लखनऊ जंक्शन पर पहुंचती है और यात्री आलमबाग बस अड्डे से अपने गंतव्यों की ओर बस पकड़ते हैं, वैसे ही किन्नर बसों में चढ़ जाते हैं और धौंस दिखाकर पैसे वसूलते हैं।
विरोध करने पर मारपीट और बदसलूकी
जो यात्री पैसे देने से इंकार करते हैं, उनके साथ कई बार मारपीट, हाथापाई और अभद्रता की घटनाएं हो चुकी हैं। महिला यात्रियों को भी नहीं बख्शा जाता।
प्रशासनिक शिकायतें बेअसर
बस अड्डा प्रशासन द्वारा पुलिस को कई बार लिखित शिकायतें दी गईं, लेकिन कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। हालात जस के तस बने हुए हैं, जिससे आम जनता में रोष बढ़ता जा रहा है।
यात्रियों की मांग है कि प्रशासन और पुलिस तत्काल सख्त कार्रवाई करें, ताकि आलमबाग बस अड्डे को सुरक्षित और सुविधाजनक बनाया जा सके।





